कोलंबिया और उज्बेकिस्तान को हाल ही में BRICS-समर्थित न्यू डेवलपमेंट बैंक (NDB) के नए सदस्य देशों के रूप में शामिल किया गया है। यह विस्तार वैश्विक दक्षिण देशों के बीच आर्थिक सहयोग और सतत विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
न्यू डेवलपमेंट बैंक (New Development Bank - NDB), जिसे पहले BRICS डेवलपमेंट बैंक के नाम से जाना जाता था, ने हाल ही में दो नए देशों — कोलंबिया (दक्षिण अमेरिका) और उज्बेकिस्तान (मध्य एशिया) — को अपना सदस्य बनाया है। यह निर्णय बैंक के वैश्विक दायरे को बढ़ाने और विकासशील देशों को वित्तीय सहायता देने की दिशा में एक रणनीतिक कदम माना जा रहा है।
NDB की स्थापना वर्ष 2015 में BRICS देशों — ब्राज़ील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका — द्वारा की गई थी, जिसका उद्देश्य वैश्विक विकास परियोजनाओं को वित्तीय सहायता प्रदान करना और विश्व बैंक तथा IMF जैसे पारंपरिक संस्थानों के विकल्प के रूप में उभरना था।
कोलंबिया और उज्बेकिस्तान की सदस्यता को इस दिशा में महत्वपूर्ण विस्तार माना जा रहा है क्योंकि यह दोनों देश उभरती हुई अर्थव्यवस्थाओं के समूह में आते हैं और बुनियादी ढांचे, ऊर्जा, परिवहन, और जलवायु परिवर्तन से जुड़ी परियोजनाओं में भारी निवेश की आवश्यकता रखते हैं।
NDB अब अपने सदस्य देशों की संख्या बढ़ाकर 9 कर चुका है। इससे पहले बांग्लादेश, मिस्र, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और उरुग्वे को भी सदस्यता दी गई थी।
बैंक के अध्यक्ष दिलमा रूसेफ (पूर्व ब्राज़ीलियाई राष्ट्रपति) के नेतृत्व में यह संस्था हरित विकास, सतत निवेश और विकासशील देशों की जरूरतों को प्राथमिकता देने वाले वित्तीय मॉडल को अपनाने की दिशा में कार्यरत है।
इस निर्णय से न केवल कोलंबिया और उज्बेकिस्तान को सस्ती दरों पर ऋण प्राप्त होगा, बल्कि उन्हें BRICS देशों के साथ आर्थिक सहयोग बढ़ाने का अवसर भी मिलेगा। यह सदस्यता वैश्विक बहुध्रुवीयता को भी बल देती है, जिसमें विकासशील देश भी वित्तीय निर्णयों में प्रभावशाली भूमिका निभा सकें।
नए सदस्य देश: कोलंबिया (दक्षिण अमेरिका) और उज्बेकिस्तान (मध्य एशिया)
बैंक का नाम: न्यू डेवलपमेंट बैंक (New Development Bank – NDB)
स्थापना वर्ष: 2015
स्थापक देश: BRICS (ब्राज़ील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका)
मुख्यालय: शंघाई, चीन
वर्तमान अध्यक्ष (2025): दिलमा रूसेफ (ब्राज़ील की पूर्व राष्ट्रपति)
वर्तमान कुल सदस्य देश: 9
पूर्व में शामिल अन्य सदस्य: बांग्लादेश, मिस्र, UAE, उरुग्वे